Friday, May 29, 2015

मनोज टाईगर - शून्य से शिखर तक का सफर

                                                      जन्मदिन आज ३० मई पर विशेष

कुछ लोग ‘लक’ से रातों रात स्टार बन जाते हैं, तो किसी को चांस मिलता है और वह अचानक सातवें आसमान पर पहुंच जाता है। लेकिन, कुछ लोग ऐसे भी होते हैं जिन्हें न लक या भाग्य साथ देता है, न ही कोई ऐसा सुनहरा अवसर या चांस नसीब होता है। इनमें से कुछ ऐसे हठी और जीवटवाले होते हैं, जो भाग्य-भरोसे नहीं रहते, न ही किसी अवसर की तलाश में बस यूं ही, दिशाहीन भटकते हैं। ऐसे लोग घोर परिश्रमी होते हैं और कर्म से भाग्य रेखा बदल देने का दम खम रखते हैं।
भोजपुरी सिनेमा के सर्वाधिक चर्चित चरित्र अभिनेता मनोज सिंह टाईगर इसी अपवाद श्रेणी में आते हैं। इलाहाबाद विश्वविद्यालय से कला स्नातक होने के बाद आजमगढ़ (उप्र) के तेजस्वी यूवक मनोज को मुम्बई अने की धुन ने आकाशवाणी के इंद्रजीत त्रिपाठी के पीछे लगा दिया।
यहां आकर वह सागर आर्ट  (रामानंद सागर की फिल्म निर्माण कम्पनी) में कार्यरत अनिल त्रिपाठी के सम्पर्क में आए। लेकिन वह परजीवी बनकर नहीं जीना चाहते थे, न ही रामभरोसे भटकना उन्हें गंवारा था। तब ‘फिल्मसिटी’ सप्ताहिकी पूरे जोरों पर थी। वहीं मनोज लग गयें। पत्रिका के मालिक सम्पादक सुरेन्द्र गुप्ता के आॅफिस ब्वाय से कार्यालय प्रभारी तक बनें। वहीं से फिल्मी सम्पर्क बनने लगा। मनोज पृथ्वी थियेटर तक जा पहुंचे। रंगमंच पर मंजने के बाद पंचम राग ग्रुप बनाया और 1999 में प्रथम प्रस्तुति हुई: नेताजी का प्लेटफार्म शो। फिर कर्नाटक भवन (माटुंगा) में अंतर्नाद का मंचन हुआ। यह 2001 की बात है। इस प्रेक्षागृह में अभिनेत्री आयशा जुल्का भी पधारीं थीं। आयशा ने मनोज को व्यक्तिगत रुप से बधाई दीं और अपने कार्यालय आने का निमंत्रण दे डाला। आयशा जुल्का ने मनोज को अपना सर्वश्रेष्ठ देने को तैयार कर दिया। यहां मनोज ने आरंभ किया ‘कभी लक कभी चांस’। और कहना न होगा इस नाट्य प्रस्तुति ने मनोज का लक खोल दिया। इस उद्यमी मनोज को दूसरे मनोज का साथ मिल गया। मनोज ओझा का नाटक ‘मांस का रुदन’ मनोज टाईगर को स्थापित करने का नीव बन गया। उसी मनोज ओझा ने जब भोजपुरी फिल्म शुरु की तो मनोट टाईगर को रजत पट पर उतारना ना भूले। भांषा कभी बाधा नहीं बनती। हिन्दी नाटकों का एक समर्थ अभिनेता भोजपुरी सिनेमा के नए चेहरों में अपनी पहचान पुख्ता करने में सफल हो गया। वह फिल्म थी ‘चलत मुसाफिर मोह लियो रे’। इस फिल्म ने दिनेशलाल यादव व मनोज टाईगर की दोस्ती हुई। दोस्ती ऐसी रंग लाई कि दोनों ने लगभग तीन दर्जन फिल्में साथ-साथ कर डाली। मनोज सबके प्रिय हैं लेकिन दिनेश के साथ उनकी सर्वाधिक फिल्में आई। रवि किशन, विराज भट्ट और खेशारी लाल के साथ भी मनोज की आधी-आधी दर्जन फिल्में हैं, परन्तु दूसरे नम्बर पर पवन सिंह हैं। पवन के साथ मनोज ने 15 फिल्में की हैं।
मनोज टाईगर की फिल्मों की संख्या 100 तक पहुंच गयी है। इन्होंने तरह-तरह की भूमिका निभाई। लेकिन दिनेशलाल की फिल्म निरहुआ रिक्शावाला के बताशा चाचा को दर्शक आज तक नहीं भूलें। इस चरित्र की लोकप्रियता का आलम यह रहा है कि बताशा चाचा के नाम से एक फिल्म प्रदर्शित हो चुकी है और दूसरे का मुहूर्त हो चुका है। अभी पिछले माह प्रदर्शित पटना से पाकिस्तान तक के नेता जी को दर्शकों को सिरआंखों पर बिठा लिया है। और तो और   इस फिल्म में उनका बोला गया संवाद वालेकुम प्रणाम तो तकिया कलाम बन गया। ‘दीवाना, प्रेम के रोग भईल, पवन पुरवईया, वीर बलवान, वाह खिलाड़ी वाह सरीखी कई फिल्मे हैं जिसे देखकर मनोज के लिए वाह निकलता ही निकलता है। वह भोजपुरी सिनेमा के सबसे चर्चित और व्यस्त कलाकारों में शुमार हैं।
मनोज सिंह टाईगर एक सर्वगुण सम्पन्न अभिनेता है। वह जितनी चतुराई से हास्य भूमिकाओं में आपको गुदगुदा देते हैं उतनी ही सफाई से नकारात्मक चरित्रों को आत्मसात कर घृणा का पात्र बन जाते हैं। और यही है एक सफल कलधर्मी की पहचान। लेकिन दर्शकों लाख डरायें या सताचें मनोज बतासा चाचा से दामन छुड़ाकर नहीं भाग सकते हैं। यह मनोज के लिए ही नहीं भोजपुरी सिने उद्योग के लिए भी गर्व करने की बात है कि कोई चरित्र इतना जीवंत हो जाये जिसे दर्शंक हमेंशा अपने साथ लिए घूंमें और आजतक घूम रहे हैं।
मनोज टाईगर की प्रतिभा को एक लेखकीय प्रयास में समेटना बड़ा ही दुष्कर कार्य है। इनके खाते में लेखन का भी पन्ना है। वह लगभग एक दर्जन भोजपुरी फिल्म व सवा दर्जन हिंदी नाट्य लेखन कर चुके हैं। राधिका सिंह-उदयनारायण सिंह के सुपुत्र में और भी ढेर सारी खूबिया हैं जिसे एकबारगी उजागर नहीं किया जा सकता, उसके लिए आपको अगले आलेख की प्रतीक्षा करनी पड़ेगी। अभी अभी प्रदर्शित निगाहे नागिन की में देखिए मनोज का नया खलनायक रुप। इसके बाद पवन राजा लेके आजा बैंड बाजा, बलमा तोहरे खातिर, इत्यादि। इमेज के बंधन से मुक्त मनोज टाईगर भोजपुरी सिनेमा के परेश रावल हैं।
प्रस्तुति - उमेश चंदेल udaybhagat@gmail.com

मूछ की लड़ाई लड़ेंगे रवि किशन Ravi Kishan - 3 Friday 3 Films

भोजपुरी फिल्मो के सदाबहार सुपर स्टार रवि किशन इसी जून महीने में मूछ की लड़ाई लड़ रहे हैं।  बात सुनने में अटपटा जरूर लगेगा पर यह हकीकत है।  दरअसल जून महीने में रवि किशन एक अनोखा रिकॉर्ड बनाने वाले हैं।  विश्व की किसी भी फिल्म जगत में ऐसा पहली बार होने जा रहा है जब किसी एक अभिनेता के तीन फिल्मे लगातार तीन शुक्रवार रिलीज़ हो रही हो वह  भी अलग अलग भाषाओँ में। सबसे दिलचस्प बात तो यह है की हमेशा बिना मूछो के नज़र आने वाले रवि किशन इन तीनो ही फिल्मो में मूछो में दिखेंगे।   जी हां पांच जून को रवि किशन की भोजपुरी फिल्म रक्तभूमि रिलीज़ हो रही है।  इस फिल्म में उनके अपोजिट  हैं भोजपुरी  की हॉट गर्ल मोनालिसा  . अगले शुक्रवार रवि किशन की तेलगु फिल्म किक २ रिलीज़ हो रही है।  निर्देशक सुरेन्द्र रेड्डी की इस फिल्म में रवि किशन खलनायक की भूमिका में हैं।  सुरेन्द्र रेड्डी के साथ रवि किशन ने इसके पूर्व रेस गुर्रम में काम किया  था जो  सौ करोड़ क्लब में शामिल हुई थी।  इस फिल्म के अगले सप्ताह यानी अगले शुक्रवार को रवि किशन की मिस टनक पर हाजिर हो रिलीज़ हो रही है। इस फिल्म का ट्रेलर हाल ही में रिलीज़ किया गया है जिसे लोग काफी पसंद कर रहे हैं।  उल्लेखनीय है  की रवि किशन भोजपुरी हिंदी  के अलावा देश के सभी क्षेत्रीय भाषाओँ में काम कर चुके हैं।  हाल ही में उन्होंने इंडो ब्रिटिश फिल्म बोम्बारिया की भी शूटिंग शुरू की है।   udaybhagat@gmail.com

Tuesday, May 26, 2015

Sangeet Bhojpuri to launch Yash Mishrra as a singer with “Dil Laga Ke Bewafa Se”

एस्सेलवर्ल्ड में लॉंच होगा " दिल लगा के बेवफा से"  

प्रसिद्ध भोजपुरी म्यूजिक चैनल  संगीत भोजपुरी की कंपनी संगीत भोजपुरी ऑडियो द्वारा भोजपुरी के एक्शन किंग यश कुमार मिश्रा पहला ऑडियो विडिओ म्यूजिक  एल्बम "दिल लगा के बेवफा से" आगामी  ३० मई को हजारो लोगो के समक्ष रिलीज़ किया  जा रहा है। संगीत भोजपुरी ऑडियो ने पिछले कुछ महीनो में सुपर हिट भोजपुरी फिल्मों का म्यूजिक रिलीज़ किया है,जिनमें से कुछ हैं,लहू पुकारेला, घुस के मारब और छबीली।"दिल लगा के बेवफा से"-  एल्बम के द्वारा "संगीत भोजपुरी"  यश मिश्रा को एक सिंगर के रूप में पेश कर रहा है।
यश मिश्रा भोजपुरी फिल्म जगत के एक  स्थापित अभिनेता हैं और अब इस एल्बम में अपनी गायकी से अपने फैंस पर अपनी छाप छोड़ना चाहतें हैं। यह एल्बम दिलों के बनतें बिगड़ते रिश्तों और टूटे हुए दिल पर आधारित है ।
इस एल्बम के म्यूजिक वीडियो में यश मिश्रा के अलावां जो स्टार हैं,वो हैं  पूनम दुबे, आँचल सोनी , प्रियंका पंडित, यश मिश्रा की पत्नी अंजना सिंह, इस एल्बम के एक गाने में दिखाई देंगी। इस एल्बम के सभी गाने यश मिश्रा ने स्वयं  गाये हैं। म्यूजिक दिया है छोटे बाबा ने। udaybhagat@gmail.com

Sunday, May 24, 2015

बवाल की शूटिंग समाप्त

एस आर मोशन पिक्चर एवं अनवी फिल्म के बैनर तले निर्मित की जा रही भोजपुरी फिल्म बवाल की शूटिंग समाप्त कर ली गई है. फिल्म का निर्माण कर रहे हैं सृजना श्रेष्ठ. इस फिल्म के लेखक व निर्देशक समीर कुमार जोशी हैं. सह निर्माता समीर सम्राट व दिनेश राज हैं. गीत संगीत तैयार किया है नीरज राज पौडेल ने. छायांकन गणेश श्रेष्ठ, नृत्य शिव शर्मा, गोविन्द प्रभात एवं समीर सम्राट, मारधाड़ भारत क्षेत्री का है. सह निर्देशक पप्पू रौनियार हैं. मुख्य कलाकार राजन अधिकारी, आशा भुषाल, नीरज राज पौडेल तथा केदार दवाड़ी इत्यादि हैं. इस फिल्म की शूटिंग नेपाल  और भारत के विभिन्न खूबसूरत स्थलों पर की गई है. लेखक निर्देशक ने सिनेप्रेमियों के मनोरंजन के लिए बहुत ही उम्दा फिल्म बनाई है, उम्मीद है दर्शकों को यह फिल्म खूब पसंद आयेगी. udaybhagat@gmail.com

आज की रफ्तार का फर्स्ट शेड्यूल पूर्ण


एस आर मोशन पिक्चर्स एवं एस आर मूवी मेकर्स के बैनर तले निर्माणाधीन भोजपुरी फिल्म आज की रफ्तार का पहला शेड्यूल भारत और नेपाल में विभिन्न रमणीय स्थलों पर शूटिंग करके पूर्ण कर लिया गया है. यह फिल्म तीन भाषा भोजपुरी, हिन्दी और नेपाली में एक साथ बनायी जा रही है. दूसरा और अंतिम शेड्यूल शीघ्र ही पूरा कर लिया जायेगा. इस फिल्म का निर्देशन कर रहे हैं लेखक निर्देशक समीर कुमार जोशी, इन्होंने इस फिल्म की कहानी भी लिखी है. फिल्म का निर्माण निर्माता रवि के सी, दिनेश के सी, गंगा कार्की व रियाज हरी कर रहे हैं. सह निर्देशक पप्पू रौनियार हैं. सिनेमैटोग्राफर पवन गौतम, नृत्य शिव शर्मा व समीर सम्राट, मारधाड़ सिमसन का है. गीतकार दिनेश सुबेदी, नीरज राज, शंकर अधिकारी व समीर सम्राट के लिखे गीतों को संगीत से सजाया है नीरज पौडेल व टंक बुदेथोकी ने. मुख्य कलाकार तनु श्री, शिव आचार्य, नीरज राज पौडेल, धुबा कोइराला तथा मुकेश राज आदि हैं. udaybhagat@gmail.com